Sunday, March 3, 2024
उत्तराखंडदेहरादून

चारधामों के लाइव टेलीकास्ट पर धर्म संकट, कोर्ट के आदेश मानने से तीर्थ पुरोहितों का इंकार

चारधामों के लाइव टेलीकास्ट को लेकर पेंच अभी भी फंसा हुआ है। नैनीताल हाईकोर्ट राज्य सरकार को लाइव टेलीकास्ट के आर्डर दे चुकी है लेकिन सरकार अभी तक लाइव टेलीकास्ट की व्यवस्था शुरू नहीं कर पाई है। एक जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुये कोर्ट ने न केवल चारधाम यात्रा पर अंतरिम रोक लगाई थी बल्कि यह भी कहा था कि लोगों की धार्मिक आस्था को देखते हुये केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री धाम में होने वाली नित्य पूजा का लाइव टेलीकास्ट किया जाए ताकि लोग घर बैठे चारधामों के दर्शन कर सकें। चारधाम यात्रा पर लगी अंतरिम रोक के आदेश के खिलाफ तो राज्य सरकार सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई लेकिन सरकार ने चारधामों के लाइव टेलीकास्ट पर हाथ खड़े कर दिये। सरकार ने कोर्ट को कहा की पुरोहित समाज लाइव टेलीकास्ट के पक्ष में नहीं है। कोर्ट ने तल्ख टिप्पणी करते हुये कहा कि यह देश संविधान से चलता है शास्त्रों से नहीं।

कोर्ट की इस तल्ख टिप्पणी के बाद चारधाम के पंडे-पुजारी और हक हकूकदार खासे नाराज हो गये हैं। देवस्थानम बोर्ड के खिलाफ पहले से आंदोलन में चल रहे तीर्थ पुरोहित कोर्ट की टिप्पणी से न केवल नाराज है बल्कि उन्होंने खुला एलान कर दिया है कि चारधामों के गर्भ गृह से लाइव टेलीकास्ट नहीं हो सकता। तीर्थ पुरोहितों के इस ऐलान के बाद सूबे की भाजपा सरकार धर्म संकट में आ गई है। सरकार के सामने एक ओर हाईकोर्ट के आदेशों का पालन कराने की बाध्यता है दूसरी ओर पुरोहित समाज सरकार से नाराज चल रहा है। वह अब सरकार का कोई फैसला मानने को तैयार नहीं है। आने वाले दिनों में फिर हाईकोर्ट में सुनवाई होनी है लिहाजा सरकार ने बैठक कर तीर्थ पुरोहितों के सुझाव तैयार कर कोर्ट की जानकारी में लाने की बात कही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *