Tuesday, June 18, 2024
film industry

अखिर कहाँ गायब हो गया मलूकचंद आंगनबाड़ी ?आज़ाद अली ने मुख्य विकास अधिकारी से की खोजने की अपील

उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में अजीबोगरीब शिकायत सीडीओ दफ्तर में दर्ज कराई गई है जिसमें कहा गया है कि पांच आंगनबाड़ियों के संचालन में एक आंगनबाडी कहीं वजूद में ही नहीं है और वह लंबे समय से कागजों पर चलाई जा रही है। मामला विकासनगर के हसनपुर कल्याणपुर का है। मुख्य विकास अधिकारी के दफ्तर में शिकायत दर्ज कराने के लिए कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और सहसपुर से सक्रिय जनप्रतिनिधि आजाद अली ग्राम प्रधान शराफ़त अली के साथ देहरादून में सीडीओ दफ्तर पहुंचे और जहां एक लिखित शिकायत कर मामले की जांच कराने की गुजारिश भी की है ।

CDO से मुलाकात करते सहसपुर के जन प्रतिनिधि आज़ाद अली

शिकायत में कहा गया है कि 4 आंगनवाड़ी तो चल रही है लेकिन एक आंगनवाड़ी जिसका जिक्र सरकारी दस्तावेज में है उन इलाकों में नहीं है जहां उसे दिखाया गया है ।आपको बता दें कि सहसपुर और विकास नगर के तमाम इलाकों में गरीब और कमजोर वर्ग के लोगों की बड़ी संख्या मौजूद है जिनकी उम्मीद का एकमात्र सहारा आंगनबाड़ी होता है जहां उन्हें राज्य सरकार की तमाम योजनाओं का फायदा देने का दावा किया जाता है लेकिन यह दुर्भाग्य ही है जीरो टॉलरेंस की मौजूदा त्रिवेंद्र सरकार में फाइलों और कागजों में ही घालमेल करके कुछ अधिकारी और नेता आंगनवाड़ी जैसी जरूरी संस्था को भी भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ा रहे हैं

हैरतअंगेज़ शिकायत मे दर्ज है पूरी जानकारी

… कल्याणपुर, डांडापुर, हसनपुर और आवलावाला मे तो आँगनबाडी चल रहे हैं लेकिन मलूकचंद के नाम से चलाये जा रहे कथिक तौर पर आगनबाडी का कोई अतापता नही है। आपको बता दे कि हसनपुर के प्रधान के साथ इस मामले को उठाने वाले सहसपुर से आगामी विधानसभा चुनाव की जोर शोर से तैयारी कर रहे स्थानीय जननेता आज़ाद अली लगातार स्थानीय मुद्दों को उठा रहे हैं

आज़ाद अली और शराफ़त अली ने दी लिखित शिकायत

और अब इस मामले  मे भी उन्होने जल्द जांच करने के लिये मुख्य विकास अधिकारी से अपील की है।

CDO दून ने मामले की जांच का दिया भरोसा

दरअसल आँगनबाडी के अभाव मे मलूकचंद की स्थानीय ग्रामीण महिलाओं को उनका हक और जरुरी स्वास्थ्य सेवायें नहीं मिल रही है जिससे उन्हे इधर उधर भटकना पड़ रहा है और बेहद परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। अब देखना होगा की सरकारी लापरवाही और कुछ लोगों के निजी स्वार्थ की वजह से भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गये गरीब महिलाओ और बच्चो के उम्मीदों का केंद्र मलूकचंद आँगनबाडी सहसपुर की वंचित महिलाओं को लब तक मिल सकेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *